उत्तर प्रदेश में टीजीटी और पीजीटी शिक्षक भर्ती की तैयारी कर रहे लाखों अभ्यर्थियों के लिए 2026 की परीक्षा योजना में महत्वपूर्ण बदलाव हुआ है। उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग (UPESSC), प्रयागराज ने संशोधित पाठ्यक्रम उपलब्ध कराया है। अब प्रशिक्षित स्नातक शिक्षक (TGT) और प्रवक्ता (PGT) की लिखित परीक्षा में संबंधित विषय के साथ सामान्य ज्ञान के प्रश्न भी पूछे जाएंगे। दोनों पदों के लिए कुल 120 बहुविकल्पीय प्रश्न होंगे और लिखित परीक्षा 360 अंकों की होगी। गलत उत्तर पर एक अंक काटने का प्रावधान है।
इस बीच आयोग ने टीजीटी के 17,735 पदों और पीजीटी के 2,607 पदों के लिए अलग-अलग विज्ञापन जारी किए हैं। दोनों की परीक्षाएं दिसंबर 2026 में प्रस्तावित हैं। इसलिए अभ्यर्थियों के सामने सबसे जरूरी काम अपनी भर्ती, विषय और पद के अनुरूप नया सिलेबस समझना है।
इस विस्तृत गाइड में सामान्य ज्ञान के प्रमुख अध्ययन क्षेत्र, टीजीटी के सभी 14 विषय, पीजीटी के सभी 26 अधिसूचित विषय, चयन प्रक्रिया और सिलेबस डाउनलोड करने का तरीका एक जगह दिया गया है। यहां विषयों के अध्ययन-बिंदु समझाए गए हैं; आयोग की विषयवार पीडीएफ में निर्धारित प्रत्येक इकाई और पाठ्य का मूल विवरण अंतिम मानक रहेगा।
UP TGT PGT Syllabus 2026 Overview

| Particulars | UP TGT 2026 | UP PGT 2026 |
|---|---|---|
| Recruiting Authority | UPESSC, Prayagraj | UPESSC, Prayagraj |
| Recruitment Post | Assistant Teacher (TGT) | Lecturer (PGT) |
| Advertisement Number | 07/2026 | 06/2026 |
| Total Vacancies | 17,735 | 2,607 |
| Notified Subjects | 14 | 26 |
| Written Exam Date | 23 & 24 December 2026 | 15 & 16 December 2026 |
| Mode | Offline OMR | Offline OMR |
| Questions | 120 | 120 |
| Maximum Written Marks | 360 | 360 |
| Duration | 2 Hours | 2 Hours |
| Marking | +3 Correct, -1 Wrong | +3 Correct, -1 Wrong |
| Interview | No | 40 Marks |
UP TGT PGT New Exam Pattern 2026
पहले के 125 प्रश्नों वाले विषय-आधारित प्रारूप के स्थान पर नई परीक्षा में सामान्य ज्ञान को अलग हिस्सा दिया गया है। संबंधित विषय से 90 और सामान्य ज्ञान से 30 प्रश्न होंगे। इसका मतलब है कि केवल हिंदी, गणित, विज्ञान या अपने चुने हुए अन्य विषय की तैयारी अब पर्याप्त नहीं होगी। सामान्य ज्ञान के 90 अंक भी मेरिट में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
| Section | Questions | Marks |
|---|---|---|
| General Knowledge | 30 | 90 |
| Concerned Subject | 90 | 270 |
| Total | 120 | 360 |
प्रत्येक सही उत्तर पर तीन अंक मिलेंगे, जबकि गलत या एक ही प्रश्न के लिए एक से अधिक विकल्प भरने पर एक अंक की कटौती होगी। दो घंटे की अवधि में औसतन एक मिनट प्रति प्रश्न मिलता है। इस कारण विषय का ज्ञान, प्रश्नों के चयन में सावधानी और ओएमआर शीट पर सही उत्तर अंकित करना समान रूप से जरूरी है।
UP TGT PGT GK Syllabus 2026: सामान्य ज्ञान का विस्तृत पाठ्यक्रम
सामान्य ज्ञान दोनों परीक्षाओं में अनिवार्य है। आयोग के विषयवार विस्तृत दस्तावेजों से मिलान करते हुए अभ्यर्थियों को निम्नलिखित प्रमुख क्षेत्रों की तैयारी करनी चाहिए। इन क्षेत्रों के भीतर प्रश्नों का निश्चित अनुपात अलग से घोषित नहीं किया गया है।
1. समसामयिक घटनाएं
राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय घटनाएं, उत्तर प्रदेश की प्रमुख गतिविधियां, महत्वपूर्ण सरकारी निर्णय, खेल प्रतियोगिताएं, पुरस्कार और सम्मान, पुस्तकें एवं लेखक, चर्चित व्यक्तित्व, विज्ञान और तकनीक से जुड़ी नवीन उपलब्धियां तथा महत्वपूर्ण सम्मेलनों का अध्ययन करें। घटनाओं के साथ उनका संदर्भ और प्रभाव समझना भी उपयोगी रहेगा।
2. भारतीय इतिहास और स्वतंत्रता आंदोलन
सिंधु घाटी सभ्यता, वैदिक काल, बौद्ध और जैन धर्म, मौर्य तथा गुप्त साम्राज्य, मध्यकालीन राजवंश, दिल्ली सल्तनत, मुगल शासन और सामाजिक-सांस्कृतिक आंदोलन प्रमुख अध्ययन क्षेत्र हैं। आधुनिक भारत में ब्रिटिश नीतियां, 1857 का विद्रोह, कांग्रेस का उदय, राष्ट्रीय आंदोलन, गांधी युग और स्वतंत्रता प्राप्ति तक की घटनाएं पढ़ें।
3. भारतीय संविधान और राजनीति
संविधान की प्रस्तावना, मौलिक अधिकार एवं कर्तव्य, राज्य के नीति-निर्देशक सिद्धांत, संसद, राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, न्यायपालिका, राज्य सरकार, चुनाव आयोग, पंचायती राज तथा स्थानीय स्वशासन महत्वपूर्ण हैं। संवैधानिक संस्थाओं के कार्यों और लोकतांत्रिक व्यवस्था की बुनियादी समझ पर भी ध्यान दें।
4. भूगोल और पर्यावरण
पृथ्वी की संरचना, स्थलरूप, जलवायु, नदियां, मिट्टी, खनिज, कृषि, उद्योग, प्राकृतिक संसाधन तथा भारत और उत्तर प्रदेश का भूगोल पढ़ें। पर्यावरण संरक्षण, जैव विविधता, प्रदूषण, जलवायु परिवर्तन, राष्ट्रीय उद्यान और वन्यजीव संरक्षण भी उपयोगी अध्ययन क्षेत्र हैं।
5. भारतीय अर्थव्यवस्था
राष्ट्रीय आय, कृषि एवं औद्योगिक विकास, बैंकिंग, महंगाई, बजट की मूल अवधारणाएं, गरीबी, बेरोजगारी, आर्थिक योजनाएं और सरकारी कल्याणकारी कार्यक्रम समझें। भारत और उत्तर प्रदेश की आर्थिक परिस्थितियों पर आधारित समसामयिक जानकारी का नियमित अध्ययन करें।
6. सामान्य विज्ञान और स्वास्थ्य
भौतिक विज्ञान, रसायन विज्ञान और जीव विज्ञान के दैनिक जीवन से जुड़े सिद्धांत, मानव शरीर, पोषण, विटामिन, खनिज, सामान्य रोग, स्वच्छता और स्वास्थ्य संबंधी बुनियादी जानकारी पढ़ें। वैज्ञानिक आविष्कार, तकनीकी विकास और पर्यावरणीय समस्याओं पर भी प्रश्नों की तैयारी की जा सकती है।
7. कंप्यूटर, सूचना प्रौद्योगिकी और शिक्षा
कंप्यूटर का परिचय, हार्डवेयर-सॉफ्टवेयर, इंटरनेट, डिजिटल संचार और सूचना एवं संचार प्रौद्योगिकी (ICT) के उपयोग समझें। शिक्षा से संबंधित महत्वपूर्ण कार्यक्रम, डिजिटल शिक्षण और प्रासंगिक शैक्षिक विकास को भी पुनरावृत्ति में रखें।
8. उत्तर प्रदेश से संबंधित सामान्य जानकारी
राज्य का इतिहास, संस्कृति, प्रमुख शहर, नदियां, कृषि, उद्योग, लोककलाएं, प्रमुख संस्थान और प्रशासनिक व्यवस्था पढ़ें। उत्तर प्रदेश की प्रमुख सरकारी योजनाओं और वर्तमान घटनाओं का अध्ययन सामान्य ज्ञान की तैयारी को अधिक उपयोगी बना सकता है।
UP TGT Syllabus 2026: सभी 14 विषयों का विस्तृत अध्ययन-विवरण
टीजीटी में मुख्य विषय के 90 प्रश्न 270 अंकों के होंगे। आयोग ने विभिन्न विषयों के लिए अलग सिलेबस जारी किया है। नीचे प्रत्येक अधिसूचित विषय में पढ़े जाने वाले प्रमुख क्षेत्र दिए गए हैं। किसी विशेष पुस्तक, रचना, अध्याय या इकाई को अंतिम रूप से शामिल या बाहर मानने से पहले संबंधित आधिकारिक विषयवार पीडीएफ अवश्य देखें।
1. UP TGT Hindi Syllabus
हिंदी में आदिकाल, भक्तिकाल, रीतिकाल और आधुनिक काल के साहित्य का इतिहास पढ़ें। भारतेंदु युग, द्विवेदी युग, छायावाद, प्रगतिवाद, प्रयोगवाद और नई कविता की प्रमुख प्रवृत्तियां महत्वपूर्ण हैं। इसके अलावा कविता, कहानी, उपन्यास, नाटक, निबंध, आलोचना, जीवनी, आत्मकथा और यात्रा-साहित्य से संबंधित प्रमुख लेखक एवं रचनाएं पढ़ें। व्याकरण में संधि, समास, कारक, लिंग, वचन, वाक्य-शुद्धि, पर्यायवाची, विलोम, मुहावरे, रस, छंद और अलंकार के साथ भाषा-विज्ञान तथा देवनागरी लिपि का अध्ययन करें।
2. UP TGT Sanskrit Syllabus
संस्कृत गद्य, पद्य, नाटक और काव्यशास्त्र इस विषय के प्रमुख हिस्से हैं। निर्धारित रचनाओं के प्रसंग, लेखक, शब्दार्थ, व्याकरणिक विश्लेषण तथा साहित्यिक विशेषताओं को समझना जरूरी है। संधि, समास, कारक, प्रत्यय, शब्दरूप, धातुरूप, लकार, वाच्य-परिवर्तन और अशुद्धि-संशोधन का अभ्यास करें। हितोपदेश, अभिज्ञानशाकुंतलम्, रघुवंशम् तथा अन्य निर्धारित पाठों की सीमा मूल सिलेबस में देखें।
3. UP TGT Urdu Syllabus
उर्दू साहित्य की उत्पत्ति और विकास, दिल्ली एवं लखनऊ की शायरी परंपरा, गजल, नज्म, मसनवी, कसीदा, मर्सिया, दास्तान, अफसाना, उपन्यास और नाटक का अध्ययन करें। प्रमुख शायरों एवं लेखकों की रचनाएं, प्रगतिशील साहित्यिक आंदोलन और आधुनिक उर्दू साहित्य भी महत्वपूर्ण हैं। व्याकरण में संज्ञा, सर्वनाम, क्रिया, काल, लिंग, वचन, मुहावरे और साहित्यिक अलंकारों से संबंधित विषय तैयार करें।
4. UP TGT English Syllabus
अंग्रेजी पाठ्यक्रम में Language और Literature दोनों शामिल हैं। भाषा के अंतर्गत unseen passage, parts of speech, tenses, voice, narration, prepositions, punctuation, vocabulary, sentence transformation, synonyms तथा antonyms पढ़ें। साहित्य में कविता, नाटक, उपन्यास और कहानी जैसी विधाओं के साथ निर्धारित लेखकों का अध्ययन करना होगा। Shakespeare, Milton, Wordsworth, Keats, Galsworthy तथा अन्य निर्धारित साहित्यकारों की रचनात्मक विशेषताओं पर ध्यान दें।
5. UP TGT Art Syllabus
कला में प्रागैतिहासिक चित्रकला, सिंधु सभ्यता की कला, अजंता और अन्य भित्तिचित्र, भारतीय लघुचित्र परंपराएं, राजस्थानी, मुगल और पहाड़ी चित्रशैलियां महत्वपूर्ण हैं। बंगाल स्कूल और आधुनिक भारतीय चित्रकला के प्रमुख कलाकारों तथा उनके योगदान का अध्ययन करें। रेखा, रंग, रूप, बनावट, संतुलन, अनुपात, लय, संयोजन और चित्रकला के सिद्धांत भी तैयारी का हिस्सा हैं।
6. UP TGT Commerce Syllabus
वाणिज्य में लेखांकन के सिद्धांत, जर्नल, लेजर, ट्रायल बैलेंस, अंतिम खाते, साझेदारी और कंपनी खाते पढ़ें। व्यावसायिक संगठन, प्रबंधन के कार्य, विपणन, नेतृत्व, उद्यमिता और उपभोक्ता संरक्षण भी महत्वपूर्ण हैं। अर्थशास्त्र में मांग, उपयोगिता, उत्पादन, बाजार संरचना, राष्ट्रीय आय तथा बैंकिंग की जानकारी आवश्यक है। सांख्यिकी, अंकेक्षण और व्यवसाय से संबंधित प्रमुख अवधारणाओं को भी शामिल करें।
7. UP TGT Agriculture Syllabus
कृषि में फसल उत्पादन के सिद्धांत, खरीफ-रबी-जायद फसलें, फसल चक्र, मिश्रित खेती, सिंचाई और जल संरक्षण पढ़ें। मृदा-विज्ञान, उर्वरक, पौध पोषण, बीज उत्पादन, बीज परीक्षण, कृषि मौसम विज्ञान, उद्यानिकी और प्राकृतिक खेती महत्वपूर्ण हैं। कीट एवं रोग प्रबंधन, पशुपालन, डेयरी प्रबंधन, ग्रामीण विकास और कृषि से जुड़े संस्थानों की बुनियादी जानकारी भी तैयारी में शामिल करें।
8. UP TGT Science Syllabus
टीजीटी विज्ञान के प्रकाशित विस्तृत पाठ्यक्रम में भौतिक विज्ञान और रसायन विज्ञान के अनेक विषय शामिल हैं। भौतिक विज्ञान में मात्रक एवं विमाएं, गति, बल, ऊर्जा, घूर्णन, गुरुत्वाकर्षण, द्रव यांत्रिकी, ऊष्मा, तरंगें, प्रकाशिकी, विद्युत, चुंबकत्व, परमाणु संरचना और आधुनिक भौतिकी पढ़ें। रसायन विज्ञान में पदार्थ की संरचना, परमाणु मॉडल, आवर्त सारणी, रासायनिक बंधन, अभिक्रियाएं, विद्युत रसायन, कार्बनिक यौगिक और उनकी अभिक्रिया-विधियां महत्वपूर्ण हैं। विषय की वास्तविक सीमाएं आयोग की पीडीएफ से ही निर्धारित करें।
9. UP TGT Social Science Syllabus
सामाजिक विज्ञान में इतिहास, भूगोल, अर्थशास्त्र और नागरिक शास्त्र के खंड शामिल हैं। इतिहास में प्राचीन सभ्यताओं, प्रमुख साम्राज्यों, मध्यकालीन शासन, ब्रिटिश काल और स्वतंत्रता आंदोलन की तैयारी करें। भूगोल में पृथ्वी, जलवायु, स्थलरूप, महासागर, प्राकृतिक संसाधन तथा भारत का भूगोल पढ़ें। अर्थशास्त्र में मांग-आपूर्ति, बाजार, मुद्रा, बैंकिंग, सार्वजनिक वित्त और भारतीय अर्थव्यवस्था महत्वपूर्ण हैं। नागरिक शास्त्र में राज्य, संप्रभुता, अधिकार, राजनीतिक विचारक, संविधान, सरकार और पंचायती राज पढ़ें।
10. UP TGT Mathematics Syllabus
गणित में वाणिज्यिक गणित, सांख्यिकी, बीजगणित, बहुपद, समीकरण, लघुगणक, समुच्चय, मैट्रिक्स, सारणिक, क्रमचय-संचय और द्विपद प्रमेय शामिल हैं। त्रिकोणमिति, निर्देशांक ज्यामिति, शंकु परिच्छेद, त्रिविमीय ज्यामिति, अवकलन, समाकलन, अवकल समीकरण और प्रायिकता का अभ्यास करें। वेक्टर विश्लेषण, स्थैतिकी तथा गतिकी के निर्धारित हिस्सों पर भी ध्यान दें।
11. UP TGT Home Science Syllabus
गृह विज्ञान में भोजन एवं पोषण, संतुलित आहार, पोषक तत्व, भोजन संरक्षण तथा आहार-संबंधी रोगों का अध्ययन करें। गृह प्रबंधन में परिवार के संसाधन, बजट, समय और ऊर्जा प्रबंधन महत्वपूर्ण हैं। बाल विकास, व्यक्तिगत एवं सामुदायिक स्वास्थ्य, वस्त्र-विज्ञान, रेशे, सिलाई और कढ़ाई भी शामिल हैं। प्रसार शिक्षा, परिवार कल्याण तथा सामुदायिक विकास से संबंधित विषयों की तैयारी करें।
12. UP TGT Physical Education Syllabus
शारीरिक शिक्षा के इतिहास, उद्देश्य, मानव शरीर रचना, व्यायाम शरीर क्रिया विज्ञान, खेल मनोविज्ञान और समाजशास्त्रीय पहलुओं का अध्ययन करें। खेल प्रशिक्षण, स्वास्थ्य-संबंधी फिटनेस, गति, शक्ति, सहनशक्ति, लचीलापन, खेल चोटें, प्राथमिक उपचार, पोषण तथा योग प्रमुख क्षेत्र हैं। क्रिकेट, हॉकी, फुटबॉल, कबड्डी, एथलेटिक्स और अन्य निर्धारित खेलों के नियम, मैदान एवं उपकरणों के माप भी पढ़ें।
13. UP TGT Music Vocal Syllabus
संगीत गायन में भारतीय संगीत का इतिहास, नाद, श्रुति, स्वर, सप्तक, थाट, राग, आलाप, तान और संगीत की पारिभाषिक शब्दावली पढ़ें। निर्धारित रागों के आरोह-अवरोह, पकड़ और पहचान के साथ ताल, मात्रा, लय और लयकारी का अध्ययन करें। ध्रुपद, धमार, खयाल, ठुमरी, टप्पा, तराना और भजन जैसी गायन शैलियां तथा प्रमुख संगीतज्ञों का योगदान महत्वपूर्ण है।
14. UP TGT Music Instrumental Syllabus
संगीत वादन में वाद्यों का वर्गीकरण, वाद्य की बनावट, स्वर मिलाना, वादन पद्धतियां, घराने तथा संगीत का इतिहास पढ़ें। तीनताल, झपताल, एकताल, रूपक, धमार और अन्य निर्धारित तालों की पहचान एवं लिपिबद्ध करने का अभ्यास करें। कायदा, पेशकार, टुकड़ा, परन, तिहाई और वादन से संबंधित तकनीकी शब्दों के साथ भातखंडे तथा विष्णु दिगंबर लिपि पद्धतियां भी महत्वपूर्ण हैं।
UP PGT Syllabus 2026: सभी 26 अधिसूचित विषयों का विस्तृत विवरण
पीजीटी में 90 प्रश्न संबंधित विषय से पूछे जाएंगे और यह हिस्सा 270 अंकों का होगा। इसका स्तर सामान्यतः संबंधित स्नातकोत्तर विषय की गहरी समझ पर आधारित है। आयोग ने 26 विषयों में प्रवक्ता पद अधिसूचित किए हैं। नीचे सभी विषयों के प्रमुख अध्ययन क्षेत्रों को अलग-अलग बताया गया है। सूची पाठ्यक्रम का व्यावहारिक मार्गदर्शन देती है, जबकि निर्धारित पाठ और इकाइयों का पूर्ण आधिकारिक विवरण विषयवार पीडीएफ में मिलेगा।
1. PGT Hindi
हिंदी साहित्य का इतिहास, आदिकाल से आधुनिक काल तक की साहित्यिक प्रवृत्तियां, भक्ति एवं रीति काव्य, छायावाद, प्रगतिवाद और समकालीन कविता पढ़ें। उपन्यास, कहानी, नाटक, निबंध, आलोचना, संस्मरण तथा साहित्यिक पत्रकारिता के विकास का अध्ययन करें। भारतीय काव्यशास्त्र में रस, छंद, अलंकार, शब्दशक्ति, काव्यगुण और काव्यदोष के साथ भाषा-विज्ञान और प्रमुख रचनाकारों की साहित्यिक विशेषताएं महत्वपूर्ण हैं।
2. PGT English
अंग्रेजी में उच्च स्तरीय grammar, comprehension, sentence correction और vocabulary के साथ साहित्य की प्रमुख विधाएं और आलोचनात्मक अवधारणाएं पढ़ें। Renaissance, Romantic, Victorian और Modern साहित्यिक धाराओं का अध्ययन करें। Shakespeare, Wordsworth, Keats, Shelley, Tennyson, Eliot, Dickens, Hardy तथा अन्य निर्धारित ब्रिटिश, अमेरिकी और भारतीय अंग्रेजी लेखकों की प्रमुख रचनाएं एवं योगदान महत्वपूर्ण हैं।
3. PGT Economics
अर्थशास्त्र में उपभोक्ता व्यवहार, मांग की लोच, उत्पादन फलन, लागत एवं आय, बाजार संरचनाएं तथा वितरण सिद्धांत पढ़ें। समष्टि अर्थशास्त्र में राष्ट्रीय आय, रोजगार सिद्धांत, मुद्रा, बैंकिंग, महंगाई और मौद्रिक नीति शामिल हैं। सार्वजनिक वित्त, कराधान, राजकोषीय नीति, अंतरराष्ट्रीय व्यापार, विनिमय दर, आर्थिक विकास के सिद्धांत और भारतीय अर्थव्यवस्था का अध्ययन करें।
4. PGT Sociology
समाजशास्त्र में कॉम्ट, दुर्खीम, वेबर, मार्क्स और अन्य प्रमुख समाजशास्त्रियों के विचार पढ़ें। सामाजिक संरचना, स्तरीकरण, जाति, वर्ग, परिवार, विवाह, नातेदारी, सामाजिक नियंत्रण तथा सामाजिक परिवर्तन महत्वपूर्ण हैं। भारतीय समाज, ग्रामीण-शहरी समस्याएं, संस्कृतिकरण, पश्चिमीकरण और आधुनिक सामाजिक प्रक्रियाओं को भी समझें।
5. PGT Physics
भौतिक विज्ञान में यांत्रिकी, पदार्थ के गुण, ऊष्मागतिकी, सांख्यिकीय यांत्रिकी, दोलन, तरंगें, प्रकाशिकी, विद्युत एवं चुंबकत्व प्रमुख क्षेत्र हैं। मैक्सवेल समीकरण, विद्युतचुंबकीय प्रेरण, आधुनिक भौतिकी, परमाणु एवं नाभिकीय भौतिकी, क्वांटम सिद्धांत, अर्धचालक और इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के सिद्धांत भी महत्वपूर्ण हैं।
6. PGT Chemistry
रसायन विज्ञान में भौतिक, अकार्बनिक और कार्बनिक रसायन के विस्तृत विषय पढ़ें। क्वांटम रसायन, ऊष्मागतिकी, रासायनिक संतुलन, गतिकी, विद्युत रसायन तथा पृष्ठ रसायन महत्वपूर्ण हैं। आवर्त गुणधर्म, समन्वय यौगिक, संक्रमण तत्व, अभिक्रिया-विधियां, स्टीरियोकेमिस्ट्री, नामित कार्बनिक अभिक्रियाएं और स्पेक्ट्रोस्कोपी का अध्ययन करें।
7. PGT Mathematics
गणित में समुच्चय सिद्धांत, समूह, वलय एवं क्षेत्र, मैट्रिक्स, सारणिक, क्रमचय-संचय, श्रेणियां तथा कलन की तैयारी करें। अवकल समीकरण, सदिश विश्लेषण, निर्देशांक ज्यामिति, त्रिविमीय ज्यामिति, वास्तविक एवं सम्मिश्र विश्लेषण और प्रायिकता महत्वपूर्ण हैं। स्थैतिकी और गतिकी के निर्धारित हिस्सों को भी सिलेबस से मिलाकर पढ़ें।
8. PGT Commerce
वाणिज्य में वित्तीय, कंपनी और लागत लेखांकन, साझेदारी खाते, वित्तीय विवरण विश्लेषण तथा बजट नियंत्रण पढ़ें। व्यवसाय प्रबंधन, विपणन, वित्तीय प्रबंधन, संगठनात्मक व्यवहार, अंकेक्षण, आयकर की मूल अवधारणाएं और व्यावसायिक कानून महत्वपूर्ण हैं। व्यावसायिक सांख्यिकी, सहसंबंध, प्रतिगमन और सूचकांक भी अध्ययन में शामिल करें।
9. PGT History
इतिहास में प्रागैतिहासिक भारत, हड़प्पा सभ्यता, वैदिक काल, बौद्ध-जैन धर्म, मौर्य, गुप्त एवं दक्षिण भारतीय राजवंश पढ़ें। दिल्ली सल्तनत, मुगल शासन, भक्ति-सूफी आंदोलन, मराठा शक्ति, यूरोपीय कंपनियों का आगमन और औपनिवेशिक नीतियों का अध्ययन करें। 1857 का विद्रोह, सामाजिक-सुधार आंदोलन, राष्ट्रीय आंदोलन और स्वतंत्रता प्राप्ति तक की घटनाओं पर विशेष ध्यान दें।
10. PGT Drawing and Painting
चित्रकला में प्रागैतिहासिक कला, सिंधु सभ्यता, अजंता-बाघ-एलोरा चित्रकला, जैन एवं पाल शैली, राजस्थानी, मुगल और पहाड़ी लघुचित्र परंपराएं पढ़ें। आधुनिक भारतीय कला तथा प्रमुख चित्रकारों के योगदान का अध्ययन करें। रंग, रेखा, रूप, परिप्रेक्ष्य, रचना-संतुलन, चित्र संयोजन और कला-सिद्धांत भी महत्वपूर्ण हैं।
11. PGT Psychology
मनोविज्ञान में व्यवहार का जैविक आधार, संवेदना, प्रत्यक्षीकरण, अधिगम, स्मृति, विस्मृति, प्रेरणा, भावना तथा व्यक्तित्व पढ़ें। पावलॉव, स्किनर, थॉर्नडाइक, कोहलर और अन्य प्रमुख सिद्धांतकारों के अधिगम सिद्धांतों का अध्ययन करें। बुद्धि एवं व्यक्तित्व परीक्षण, मनोवैज्ञानिक मापन, विकास और असामान्य मनोविज्ञान भी अध्ययन के प्रमुख क्षेत्र हैं।
12. PGT Education
शिक्षाशास्त्र में शिक्षा के दार्शनिक, समाजशास्त्रीय और मनोवैज्ञानिक आधार, शिक्षा के उद्देश्य, पाठ्यक्रम निर्माण और शिक्षण विधियों का अध्ययन करें। शैक्षिक मापन एवं मूल्यांकन, अधिगम सिद्धांत, निर्देशन, परामर्श, शिक्षा तकनीक और प्रमुख शिक्षा आयोग महत्वपूर्ण हैं। शिक्षा नीतियों तथा भारतीय शिक्षा व्यवस्था के विकास को भी समझें।
13. PGT Music Vocal
संगीत गायन में रागों का विस्तृत अध्ययन, स्वर-संरचना, आलाप, तान, बंदिश, लयकारी और विभिन्न गायन शैलियों पर ध्यान दें। संगीतशास्त्र का इतिहास, ताल पद्धति, हिंदुस्तानी और कर्नाटक संगीत की अवधारणाएं, प्रमुख घराने एवं संगीतज्ञों के योगदान का अध्ययन करें। निर्धारित राग और ताल की सूची मूल पीडीएफ से मिलाएं।
14. PGT Sanskrit
संस्कृत में वैदिक और लौकिक साहित्य, महाकाव्य, नाटक, गद्यकाव्य तथा निर्धारित ग्रंथों का अध्ययन करें। काव्यशास्त्र, रस, अलंकार, छंद, साहित्यदर्पण और अन्य निर्धारित आचार्यों की अवधारणाएं महत्वपूर्ण हैं। व्याकरण में पाणिनीय परंपरा, संधि, समास, कारक, प्रत्यय, धातुरूप तथा भारतीय दर्शन की प्रमुख धाराएं भी पढ़ें।
15. PGT Urdu
उर्दू में भाषा और साहित्य का इतिहास, गजल, नज्म, मसनवी, कसीदा, मर्सिया, दास्तान, उपन्यास, अफसाना और नाटक पढ़ें। प्रमुख शायरों-लेखकों की रचनाएं, आलोचना, साहित्यिक आंदोलन, उर्दू गद्य एवं काव्यशास्त्र की अवधारणाएं अध्ययन में रखें। विषयवार पीडीएफ में निर्धारित लेखक और पाठों की सूची जरूर जांचें।
16. PGT Home Science
गृह विज्ञान में मानव पोषण, आहार-विज्ञान, खाद्य संरक्षण, स्वास्थ्य, वस्त्र-विज्ञान, परिधान निर्माण, परिवार संसाधन प्रबंधन और बाल विकास महत्वपूर्ण हैं। परिवार अध्ययन, गृह प्रबंधन, सामुदायिक विकास, प्रसार शिक्षा तथा संबंधित शोध एवं व्यवहारिक अवधारणाएं भी पढ़ें।
17. PGT Geography
भूगोल में भू-आकृति विज्ञान, जलवायु विज्ञान, महासागर विज्ञान, पृथ्वी की उत्पत्ति, प्लेट विवर्तनिकी और प्राकृतिक स्थलरूप पढ़ें। मानव भूगोल, जनसंख्या, प्रवास, अधिवास, संसाधन, कृषि एवं औद्योगिक अवस्थिति सिद्धांत महत्वपूर्ण हैं। भारत की भौतिक संरचना, मानसून, मिट्टी, कृषि, खनिज, उद्योग और क्षेत्रीय विकास से जुड़े विषय भी तैयार करें।
18. PGT Physical Education
शारीरिक शिक्षा में मानव शरीर रचना, व्यायाम शरीर क्रिया विज्ञान, खेल मनोविज्ञान, खेल समाजशास्त्र, काइनेसियोलॉजी और बायोमैकेनिक्स पढ़ें। प्रशिक्षण सिद्धांत, खेल प्रदर्शन, पोषण, फिटनेस परीक्षण, खेल चोटें, योग, ओलंपिक आंदोलन तथा प्रमुख खेलों के नियम और माप महत्वपूर्ण हैं।
19. PGT Military Science
सैन्य विज्ञान के लिए सैन्य इतिहास, युद्ध और रणनीति की बुनियादी अवधारणाएं, रक्षा अध्ययन, राष्ट्रीय सुरक्षा तथा भारत की रक्षा व्यवस्था से संबंधित पाठ तैयार करें। सैन्य संगठन, रणनीतिक विचारधाराएं और सुरक्षा संबंधी समकालीन मुद्दे अध्ययन में उपयोगी हो सकते हैं। किन युद्धों, विचारकों और अध्यायों को शामिल किया गया है, इसकी अंतिम पुष्टि विषयवार आधिकारिक पीडीएफ से करें।
20. PGT Ranjan Kala
रंजन कला अलग अधिसूचित विषय है, इसलिए इसे सामान्य चित्रकला या ड्राइंग पद के समान नहीं मानना चाहिए। कला की अभिव्यक्ति, सौंदर्यबोध और संबंधित व्यवहारिक एवं सैद्धांतिक अध्ययन क्षेत्रों की तैयारी करते समय आयोग द्वारा इसी विषय के नाम से प्रकाशित दस्तावेज देखें। विस्तृत इकाइयों के बिना किसी अन्य कला विषय का पूरा सिलेबस इसमें जोड़ना उचित नहीं होगा।
21. PGT Biology
जीव विज्ञान में वनस्पति और प्राणी विज्ञान दोनों के प्रमुख विषय आते हैं। वनस्पति विज्ञान में शैवाल, कवक, ब्रायोफाइट, टेरिडोफाइट, जिम्नोस्पर्म, पुष्पीय पौधों का वर्गीकरण, पादप शरीर क्रिया विज्ञान और पारिस्थितिकी पढ़ें। प्राणी विज्ञान में अकशेरुकी-कशेरुकी समूह, तुलनात्मक शरीर रचना, मानव एवं प्राणी शरीर क्रिया विज्ञान, कोशिका जीव विज्ञान, आनुवंशिकी, जैव प्रौद्योगिकी और विकासवाद महत्वपूर्ण हैं।
22. PGT Civics
नागरिक शास्त्र में राज्य, संप्रभुता, स्वतंत्रता, समानता, न्याय, अधिकार, लोकतंत्र और प्रमुख राजनीतिक विचारधाराएं पढ़ें। प्लेटो, अरस्तू, हॉब्स, लॉक, रूसो, मार्क्स, गांधी, आंबेडकर तथा अन्य निर्धारित विचारकों के सिद्धांत महत्वपूर्ण हैं। भारतीय संविधान, संघवाद, संसद, न्यायपालिका, लोक प्रशासन, तुलनात्मक शासन और अंतरराष्ट्रीय संबंधों का अध्ययन करें।
23. PGT Logic
तर्कशास्त्र में कथन, अनुमान, निगमन और आगमन, तर्क की वैधता, न्यायवाक्य, तर्कदोष तथा प्रमाण की अवधारणाएं पढ़ें। भारतीय न्याय परंपरा और पाश्चात्य तर्क-पद्धतियों के प्रमुख विषयों का अध्ययन उपयोगी है। पाठ्यक्रम में निर्धारित प्रतीकात्मक तर्क या विशिष्ट दार्शनिक ग्रंथों की सीमा आधिकारिक पीडीएफ से ही तय करें।
24. PGT Music Instrumental
संगीत वादन में वाद्य-संगीत का इतिहास, वाद्यों का वर्गीकरण, विशिष्ट वादन पद्धतियां, राग-ताल, लयकारी, संगीत लिपि एवं प्रमुख घरानों की विशेषताएं पढ़ें। संबंधित वाद्य की संरचना, स्वर-संधान, तकनीक, बंदिशें और प्रमुख वादकों के योगदान पर ध्यान दें। अलग-अलग वाद्यों के लिए निर्धारित पाठ्य की पुष्टि आयोग के दस्तावेज से करें।
25. PGT Agriculture
कृषि में फसल विज्ञान, मृदा विज्ञान, कृषि रसायन, पौध पोषण, फसल प्रबंधन, सिंचाई, उद्यानिकी और पादप संरक्षण पढ़ें। पौध प्रजनन, कृषि आनुवंशिकी, कीट विज्ञान, रोग विज्ञान, कृषि अर्थशास्त्र, प्रसार शिक्षा तथा पशुपालन भी महत्वपूर्ण अध्ययन क्षेत्र हैं।
26. PGT Shasya Vigyan
शस्य विज्ञान (Agronomy) में फसल उत्पादन के सिद्धांत, फसल प्रणालियां, फसल चक्र, खरीफ-रबी-जायद फसलें, बीज और बुवाई प्रबंधन, पौध पोषण, उर्वरक, सिंचाई, खरपतवार प्रबंधन तथा भूमि और जल संरक्षण प्रमुख अध्ययन क्षेत्र हैं। कृषि मौसम विज्ञान, उत्पादन तकनीक और टिकाऊ खेती की अवधारणाओं का भी अध्ययन करें। यह कृषि विषय से अलग अधिसूचित पद है; दोनों की पाठ्यक्रम पीडीएफ अलग-अलग देखनी चाहिए।
UP TGT PGT Selection Process 2026
टीजीटी में चयन का आधार 360 अंकों की लिखित परीक्षा है। इसमें अलग साक्षात्कार नहीं रखा गया है। लिखित परीक्षा के बाद आयोग की शर्तों के अनुसार दस्तावेज और पात्रता संबंधी जांच होगी। इसलिए परीक्षा में प्राप्त अंक मेरिट तय करने में अत्यंत महत्वपूर्ण हैं।
पीजीटी में लिखित परीक्षा 360 अंकों की और साक्षात्कार 40 अंकों का होगा। अंतिम चयन के लिए दोनों के प्राप्तांक मिलाकर 400 अंकों का मूल्यांकन किया जाएगा। विषय और श्रेणी के अनुसार मेरिट अलग होगी; किसी अनौपचारिक अनुमान को आधिकारिक कटऑफ नहीं समझना चाहिए।
UP TGT PGT 2026: पात्रता, आयु सीमा और वेतनमान
टीजीटी के लिए निर्धारित विषय में स्नातक स्तर की योग्यता और संबंधित शिक्षक-प्रशिक्षण पात्रता लागू होती है। पीजीटी में संबंधित विषय की स्नातकोत्तर योग्यता तथा अधिसूचना में बताई गई प्रशिक्षण योग्यता जरूरी है। विशेष विषयों के लिए अलग पात्रता-शर्तें दी गई हैं, इसलिए सामान्य जानकारी के आधार पर आवेदन का निर्णय नहीं लेना चाहिए।
दोनों विज्ञापनों के अनुसार 1 जुलाई 2026 को न्यूनतम आयु 21 वर्ष है और 62 वर्ष से अधिक आयु वाले अभ्यर्थी पात्र नहीं होंगे। टीजीटी पद वेतन स्तर 7 और पीजीटी पद वेतन स्तर 8 में आते हैं। इनके लिए अधिसूचित शुल्क और वेतनमान इस प्रकार हैं:
| Particulars | UP TGT 2026 | UP PGT 2026 |
|---|---|---|
| General / OBC / EWS Fee | ₹1,000 | ₹1,500 |
| SC / ST Fee | ₹500 | ₹750 |
| PwD Fee | ₹300 | ₹500 |
| Minimum Age | 21 Years | 21 Years |
| Upper Age Condition | Not Above 62 Years | Not Above 62 Years |
| Pay Level | Level 7 | Level 8 |
| Pay Scale | ₹44,900–₹1,42,400 | ₹47,600–₹1,51,100 |
आवेदक अपने विषय की अनिवार्य शैक्षणिक योग्यता, प्रशिक्षण संबंधी शर्तें, आरक्षण और आयु निर्धारण से जुड़े सभी नियम संबंधित आधिकारिक विज्ञापन में अलग से जांचें।
UP TGT PGT Exam Date 2026 और आवेदन की स्थिति
पीजीटी विज्ञापन संख्या 06/2026 15 सितंबर को जारी हुआ था। इसकी आवेदन प्रक्रिया 17 अक्टूबर को समाप्त हुई और लिखित परीक्षा 15 एवं 16 दिसंबर 2026 के लिए निर्धारित है। टीजीटी विज्ञापन संख्या 07/2026 23 अक्टूबर को जारी हुआ। इसके ऑनलाइन आवेदन 24 अक्टूबर से शुरू हुए, अंतिम तिथि 23 नवंबर है और लिखित परीक्षा 23 एवं 24 दिसंबर को निर्धारित की गई है।
परीक्षा तिथियों, प्रवेश पत्र, परीक्षा केंद्र और किसी संशोधन के संबंध में आयोग की अगली सूचना को ही प्राथमिकता दें। टीजीटी और पीजीटी के विज्ञापन अलग हैं, इसलिए एक भर्ती का संशोधन दूसरी भर्ती पर अपने आप लागू नहीं होगा।
UP TGT PGT Syllabus 2026 PDF कैसे डाउनलोड करें?
अभ्यर्थी UPESSC के आधिकारिक पोर्टल पर उपलब्ध सिलेबस सेक्शन से अपने विषय की पीडीएफ प्राप्त कर सकते हैं:
- उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग की आधिकारिक वेबसाइट खोलें।
- Syllabus या Examination सेक्शन में जाएं।
- TGT Revised Syllabus अथवा PGT Revised Syllabus का विकल्प चुनें।
- अपना पद और संबंधित विषय चुनकर विषयवार पीडीएफ डाउनलोड करें।
- सामान्य ज्ञान का अलग पाठ्यक्रम भी डाउनलोड करके दोनों दस्तावेज सुरक्षित रखें।
- यदि आयोग बाद में संशोधित पीडीएफ जारी करे, तो सबसे नई प्रति के अनुसार तैयारी करें।
नए पैटर्न के अनुसार तैयारी की सही रणनीति
अभ्यर्थियों को मुख्य विषय और सामान्य ज्ञान के अंकों के अनुपात के अनुसार पढ़ाई बांटनी चाहिए। मुख्य विषय 270 अंकों का है, लेकिन सामान्य ज्ञान के 90 अंक छोड़ देना मेरिट में बड़ा नुकसान कर सकता है। तैयारी की शुरुआत में आधिकारिक पीडीएफ के सभी यूनिट को एक सूची में लिखकर अपनी मजबूत और कमजोर इकाइयां पहचानें।
- मुख्य विषय को अधिक समय दें, क्योंकि कुल लिखित अंकों का 75 प्रतिशत यहीं से आता है।
- सामान्य ज्ञान के स्थायी विषयों और समसामयिक घटनाओं के लिए रोज समय निर्धारित करें।
- पुराने प्रश्नपत्रों का उपयोग अवधारणाएं समझने के लिए करें, पर 2026 की नई अंक योजना पर ही मॉक टेस्ट दें।
- 120 प्रश्नों को दो घंटे में हल करने का नियमित अभ्यास करें।
- एक ही प्रश्न के लिए एक से अधिक गोले न भरें और बिना पर्याप्त आधार के अनुमान लगाने से बचें।
- सप्ताह में एक बार सभी कमजोर इकाइयों की दोबारा समीक्षा करें।
FAQ’s
क्या टीजीटी और पीजीटी दोनों में सामान्य ज्ञान आएगा?
हां। दोनों की लिखित परीक्षा में सामान्य ज्ञान के 30 प्रश्न होंगे, जिनके लिए 90 अंक निर्धारित हैं। शेष 90 प्रश्न संबंधित विषय से होंगे।
क्या टीजीटी और पीजीटी का विषयवार सिलेबस एक जैसा है?
नहीं। सामान्य प्रश्नपत्र की संरचना समान है, लेकिन टीजीटी और पीजीटी के संबंधित विषय का पाठ्यक्रम अलग है। पीजीटी में अधिक उच्च स्तरीय विषय-वस्तु होती है।
क्या दोनों परीक्षाओं में नेगेटिव मार्किंग है?
हां। सही उत्तर पर तीन अंक और गलत उत्तर पर एक अंक काटे जाने का प्रावधान है। ओएमआर पर एक प्रश्न के कई उत्तर चिह्नित करने पर भी अंक कट सकते हैं।
क्या पीजीटी में साक्षात्कार होगा?
हां। पीजीटी के चयन में 360 अंकों की लिखित परीक्षा और 40 अंकों का साक्षात्कार शामिल है। टीजीटी में अलग साक्षात्कार नहीं है।